Ranji Trophy: 20 साल के बल्लेबाज ने क्वार्टर फाइनल में जड़ा था अपना पहला शतक, अब सेमीफाइनल में मुंबई को संकट से उबारा

Ranji Trophy: 20 साल के बल्लेबाज ने क्वार्टर फाइनल में जड़ा था अपना पहला शतक, अब सेमीफाइनल में मुंबई को संकट से उबारा

नई दिल्ली. एक तरफ टीम इंडिया दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ टी20 सीरीज खेल रही है, तो वहीं, दूसरी ओर रणजी ट्रॉफी में घरेलू टीमों के बीच जोरदार टक्कर हो रही. मुंबई और उत्तर प्रदेश के बीच बैंगलोर में दूसरा सेमीफाइनल खेला जा रहा है. उत्तर प्रदेश ने इस मैच में टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया और मैच की तीसरी ही गेंद पर यश दयाल ने मुंबई के कप्तान पृथ्वी शॉ को आउट कर उत्तर प्रदेश को शानदार शुरुआत दिलाई. शॉ खाता भी नहीं खोल पाए और 3 गेंद में ही उनका खेल खत्म हो गया. इसके बाद शिवम वामी ने अरमान जाफर को 10 रन पर आउट कर दिया.

24 रन के भीतर 2 विकेट गंवाने के बाद मुंबई की टीम मुश्किल में नजर आ रही थी. लेकिन, टीम के ओपनर यशस्वी जायसवाल ने क्वार्टर फाइनल के हीरो सुवेद पारकर के साथ मिलकर मुंबई की पारी को संभालने का काम किया. पारकर ने उत्तराखंड के खिलाफ क्वार्टर फाइनल से ही अपना फर्स्ट क्लास डेब्यू किया था और पहले ही मैच में दोहरा शतक ठोककर इतिहास रच दिया था.

यशस्वी ने क्वार्टर फाइनल में पहला शतक ठोका था

सुवेद की बल्लेबाज देखकर ऐसा लग रहा था कि वो सेमीफाइनल में भी क्वार्टर फाइनल का करिश्मा दोहराएंगे. लेकिन 32 रन पर यश ने उन्हें आउट कर दिया. उस समय मुंबई का स्कोर 87 रन ही था. इसके बाद यशस्वी ने मोर्चा संभाला और सरफराज खान के साथ मिलकर मुंबई को मुश्किल से उबारने का काम किया. इससे पहले, यशस्वी ने क्वार्टर फाइनल में उत्तराखंड के खिलाफ 103 रन की पारी खेली थी. यह उनका रणजी ट्रॉफी में पहला शतक था और अब सेमीफाइनल में उन्होंने अर्धशतक जड़ा.

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यशस्वी ने दो जीवनदान का फायदा उठाया

यशस्वी को 4 रन के भीतर दो जीवनदान मिले. यशस्वी जब 33 रन पर थे, तो अंकित राजपूत की गेंद पर विकेट के पीछे ध्रुव जुरेल उनका कैच लपक नहीं पाए. 4 रन बाद यशस्वी को एक और जीवनदान मिला. इस बार भी गेंदबाज अंकित ही थे. उनकी गेंद पर यशस्वी ने जोरदार प्रहार किया. गेंद बल्ले का किनारा लेकर गली की तरफ गई और वहां फील्डिंग कर रहे रिंकू सिंह ने यशस्वी का कैच छोड़ दिया. इन दोनों जीवनदान का यशस्वी ने पूरा फायदा उठाया और जल्द ही अपने पचास रन पूरे किए. उनके और सरफराज के बीच चौथे विकेट के लिए 50 से अधिक रन की साझेदारी हुई.

Tags: Mumbai Cricket Association, Ranji Trophy, Yashasvi Jaiswal

Atul Tiwari

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